विदेशडेस्क,श्रेयांश पराशर l
तेहरान/नई दिल्ली। ईरान में सत्ता परिवर्तन के बीच अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई को देश का नया सर्वोच्च नेता नियुक्त किया गया है। वह अपने पिता अयातुल्ला अली खामेनेई की जगह लेंगे, जिनकी हाल ही में इजरायल-अमेरिका के हवाई हमले में मौत हो गई थी। इस नियुक्ति की घोषणा ईरान की प्रमुख समाचार एजेंसी मेहर ने की है।
रिपोर्ट के अनुसार, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान की विशेष परिषद ‘असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स’ ने सोमवार तड़के एक विशेष बैठक में अयातुल्ला सैयद मोजतबा खामेनेई को इस्लामी क्रांति का तीसरा सर्वोच्च नेता घोषित किया। परिषद ने कहा कि युद्ध जैसी स्थिति, दुश्मनों की धमकियों और देश के सामने खड़ी चुनौतियों के बावजूद नए नेता के चयन में कोई देरी नहीं की गई।
परिषद ने अपने बयान में कहा कि अयातुल्ला अली खामेनेई की मृत्यु के बाद देश के नेतृत्व को स्थिर रखने के लिए तुरंत कदम उठाए गए। संवैधानिक प्रक्रिया के तहत एक असाधारण सत्र बुलाकर उत्तराधिकारी का चयन किया गया। इस दौरान तीन सदस्यीय अस्थायी नेतृत्व परिषद ने देश के प्रशासनिक कार्यों को संभाला।
मोजतबा खामेनेई का जन्म 8 सितंबर 1969 को मशहद में हुआ था। वह अयातुल्ला अली खामेनेई के दूसरे बेटे हैं और लंबे समय से ईरान की राजनीतिक और धार्मिक व्यवस्था में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। उन्हें शक्तिशाली इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के करीब माना जाता है।
नए सर्वोच्च नेता की नियुक्ति के बाद ईरानी सेना, सरकारी अधिकारियों और आम जनता ने उनके प्रति निष्ठा जताई है। सेना के जनरल स्टाफ ने भी बयान जारी कर कहा कि देश की सुरक्षा और स्थिरता बनाए रखने के लिए वे पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
इधर, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी इस फैसले पर प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहले ही चेतावनी दी थी कि यदि नेतृत्व परिवर्तन उनकी उम्मीदों के अनुरूप नहीं हुआ, तो ईरान के लिए हालात कठिन हो सकते हैं।






