स्टेट डेस्क, मुस्कान कुमारी।
लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) कैंपस में रविवार को हिंसक प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने यूनि मॉल की दुकानों से खाने-पीने की चीजें, गैजेट्स और अन्य सामान उठा लिया। वायरल वीडियो में “फ्री में शॉपिंग” के नारे साफ सुनाई दे रहे हैं।
प्रदर्शन की शुरुआत शनिवार रात एक छात्रा के साथ कथित बलात्कार और आत्महत्या की खबरों से हुई। छात्र गर्ल्स हॉस्टल के बाहर जमा हुए, फिर एनएच-44 हाईवे जाम कर दिया। रविवार शाम पुलिस ने बैरिकेड हटाने को कहा तो पत्थरबाजी शुरू हो गई। दो पुलिस वाहन जलाए गए, कई अन्य क्षतिग्रस्त हुए और पुलिसकर्मी घायल हुए।
मॉल के अंदर एक वीडियो में आवाज आती है—“फ्री में शॉपिंग, शॉपिंग डन।” दूसरे वीडियो में कोई व्यक्ति सामान की ओर इशारा कर कहता है—“क्या चाहिए? ऑर्डर करो, मुफ्त में दिला दूंगा।” कुछ लोग दुकान के अंदर खाना खाते दिख रहे हैं। दुकानों, एटीएम कियोस्क और यूनिवर्सिटी की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के दृश्य भी सामने आए। कुछ प्रदर्शनकारियों के चेहरे ढके हुए थे।
एलपीयू ने कथित बलात्कार की खबरों को “झूठी, बेबुनियाद और गढ़ी हुई अफवाह” बताया है। विश्वविद्यालय ने जांच में सहयोग का आश्वासन दिया। पुलिस ने बलात्कार की शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर एसआईटी गठित की है। सीसीटीवी फुटेज, फॉरेंसिक सैंपल और कॉल रिकॉर्ड की जांच चल रही है।
लगभग दो हफ्ते पहले तेलंगाना की एक छात्रा की आत्महत्या की घटना भी चर्चा में रही। पुलिस ने उसके मोबाइल को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा है।
कुछ छात्रों ने आरोप लगाया कि हिंसा, लूट और आगजनी में बाहरी तत्व और गुंडे शामिल थे। एक छात्र ने कहा कि छात्रों को हॉस्टल में रहकर सुरक्षित रहना चाहिए। उन्होंने बताया कि सीएस बिल्डिंग में आग लगाई गई, यूनिवर्सिटी हॉल और एडमिशन ब्लॉक को नुकसान पहुंचाया गया।
प्रदर्शनकारियों ने कैंपस में रखे डीकमीशंड मिग-23 विमान और मिलिट्री टैंक पर चढ़कर प्रदर्शन किया। पुलिस ने बातचीत विफल होने के बाद लाठीचार्ज किया, जिसके बाद पत्थरबाजी हुई।
एलपीयू ने सोमवार से 10 दिन की छुट्टी घोषित कर दी है और मिडटर्म परीक्षाएं आगे की सूचना तक स्थगित कर दी हैं। कई छात्र कैंपस छोड़कर जा रहे हैं।
पुलिस का कहना है कि हिंसा में शामिल कई लोगों के चेहरे ढके थे। लूटपाट और नुकसान पहुंचाने वालों की सही पहचान सीसीटीवी और जांच से होगी।







