Ad Image
Ad Image
सुप्रीम कोर्ट ने नोएडा हेट स्पीच मामले की आज सुनवाई की || लोकसभा से निलंबित सांसदों पर आसन पर कागज फेंकने का आरोप || लोकसभा से कांग्रेस के 7 और माकपा का 1 सांसद निलंबित || पटना: NEET की छात्रा के रेप और हत्या को लेकर सरकार पर जमकर बरसे तेजस्वी || स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा, केशव मौर्य को होना चाहिए यूपी का CM || मतदाता दिवस विशेष: मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा 'मतदान राष्ट्रसेवा' || नितिन नबीन बनें भाजपा के पूर्णकालिक राष्ट्रीय अध्यक्ष, डॉ. लक्ष्मण ने की घोषणा || दिल्ली को मिली फिर साफ हवा, AQI 220 पर पहुंचा || PM मोदी ने भारतरत्न अटल जी और मालवीय जी की जयंती पर श्रद्धा सुमन अर्पित किया || युग पुरुष अटल बिहारी वाजपेयी जी की जन्म जयंती आज

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

कुंवारी रहेंगी Pushpam Priya, नहीं हटेगा मास्क

स्टेट डेस्क, श्रेयांश पराशर |

TPP नहीं जीती, तो नहीं हटेगा मास्क: पुष्पम प्रिया का बड़ा संकल्प – कहा, शादी नहीं करूंगी, जीवन बिहार को समर्पित

बिहार की राजनीति में एक अनोखी प्रतिज्ञा सुर्खियों में है। द प्लूरल्स पार्टी (TPP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पम प्रिया चौधरी ने दो टूक कह दिया है कि जब तक उनकी पार्टी राज्य में जीत दर्ज नहीं करती, तब तक वे चेहरा नहीं दिखाएंगी और विवाह नहीं करेंगी। यह बयान न केवल राजनीति में नई सोच को दर्शाता है, बल्कि एक महिला नेता के दृढ़ संकल्प और समर्पण को भी उजागर करता है।

दरभंगा में मीडिया से बातचीत के दौरान पुष्पम प्रिया चौधरी ने अपने निजी और राजनीतिक निर्णयों को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा, “जिस दिन मैंने राजनीति में आने का फैसला किया, उसी दिन तय कर लिया था कि इस जीवन को पूरी तरह बिहार के नाम कर दूँगी। इस जन्म में शादी नहीं करूंगी, अगला जन्म मिला तो शायद विचार करूँ, लेकिन इस जीवन का हर कदम केवल बिहार के लिए होगा।”

पुष्पम प्रिया चौधरी 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में अपने नए और आधुनिक नजरिए के साथ सामने आई थीं। हालांकि उनकी पार्टी को उस समय ज्यादा सफलता नहीं मिली, लेकिन वे अपने मजबूत विचारों और प्रतिबद्धता के कारण लगातार सुर्खियों में बनी रहीं।

मास्क पहनने को लेकर भी उन्होंने साफ कर दिया कि जब तक उनकी पार्टी सत्ता में नहीं आती, तब तक वे चेहरा नहीं दिखाएँगी। “यहाँ लोग चेहरा देखकर वोट करते हैं, विचार नहीं। जिस दिन हमारी पार्टी जीतेगी, उसी दिन मास्क हटेगा,” उन्होंने यह भी जोड़ा।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पुष्पम प्रिया का यह रुख युवाओं और महिलाओं के बीच नई राजनीति की प्रेरणा बन सकता है। उनके संकल्प और समर्पण से यह संदेश जाता है कि राजनीति केवल सत्ता पाने का साधन नहीं, बल्कि सेवा और प्रतिबद्धता का रास्ता भी हो सकता है।

बिहार की राजनीति में यह बयान एक मजबूत राजनीतिक स्टैंड के रूप में देखा जा रहा है, जो आने वाले चुनावों पर असर डाल सकता है।