स्टेट डेस्क, रानी कुमारी।
उत्तराखंड। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को डॉ. बी.आर. अम्बेडकर ग्राउंड, ओएनजीसी, देहरादून में ओएनजीसी ऑफिसर्स एसोसिएशन द्वारा आयोजित ‘ड्रग फ्री उत्तराखण्ड वॉकथॉन’ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रतिभागियों को नशामुक्त उत्तराखंड की शपथ भी दिलाई।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि यह वॉकथॉन केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि समाज को जागरूक करने और स्वस्थ एवं सशक्त उत्तराखंड के निर्माण का संदेश देने वाला महत्वपूर्ण अभियान है। उन्होंने युवाओं सहित सभी प्रतिभागियों से नशामुक्त उत्तराखंड के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ लड़ाई केवल सरकार या पुलिस अकेले नहीं लड़ सकती। यह पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे इस अभियान में सिर्फ भागीदार न बनें, बल्कि नेतृत्वकर्ता भी बनें। मुख्यमंत्री ने युवाओं को नशे से दूर रहने तथा खेल, योग, शिक्षा और सकारात्मक गतिविधियों के माध्यम से अपनी ऊर्जा का सदुपयोग करने की सलाह दी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने नशे के खिलाफ तीन प्रमुख मोर्चों पर जोर दिया। पहला नशे के अवैध कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, दूसरा- जनजागरूकता अभियान और तीसरा- नशे के शिकार लोगों के इलाज तथा पुनर्वास पर विशेष ध्यान। उन्होंने कहा कि सरकार इन तीनों मोर्चों पर एक साथ काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने इस पहल के लिए ओएनजीसी ऑफिसर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों, आयोजकों और विशेष रूप से श्री देवेन्द्र सिंह बिष्ट की सराहना की। कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री खजान दास, विधायक सविता कपूर, उत्तराखंड राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण परिषद के उपाध्यक्ष अशोक वर्मा समेत कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
वॉकथॉन के दौरान मुख्यमंत्री ने युवा प्रतिभागियों से सीधे संवाद भी किया और उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि ‘नशे को ना, जिंदगी को हां’ का संदेश हर घर तक पहुंचाना है। यह आयोजन सरकार के ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि’ अभियान का हिस्सा है, जिसके अंतर्गत राज्य में नशे के खिलाफ जागरूकता और सख्त कार्रवाई दोनों को प्राथमिकता दी जा रही है।







