देश आर्थिक संकट में, प्रधानमंत्री इटली में टॉफ़ी बांटने और रील बनाने में व्यस्त: राहुल गांधी
नेशनल डेस्क, श्रेया पाण्डेय
नई दिल्ली: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इटली दौरे और वहां की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के साथ मुलाकात को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि जब देश एक बड़े आर्थिक संकट और महंगाई के दौर से गुजर रहा है, तब देश के प्रधानमंत्री विदेशों में घूमकर टॉफियां बांटने और सोशल मीडिया के लिए रील बनाने में व्यस्त हैं। उन्होंने सरकार की इस कूटनीति को 'नेतृत्व नहीं, बल्कि एक नौटंकी' करार दिया है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर अपने एक आधिकारिक बयान में राहुल गांधी ने लिखा, "आर्थिक तूफान हमारे सिर पर मंडरा रहा है, और हमारे प्रधानमंत्री इटली में जाकर टॉफी बांट रहे हैं। आज देश का किसान, युवा, महिलाएं, मजदूर और छोटे व्यापारी सभी अपनी बदहाली पर रो रहे हैं, लेकिन प्रधानमंत्री हंसते हुए रील बना रहे हैं और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लोग उनके इस कृत्य पर तालियां बजा रहे हैं। यह गंभीर नेतृत्व की निशानी नहीं, बल्कि देश की जनता के साथ एक मज़ाक और नौटंकी है।" उन्होंने यह भी कहा कि देश में पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की कीमतें आसमान छू रही हैं, कारखाने बंद हो रहे हैं और बेरोजगारी चरम पर है, लेकिन सरकार का ध्यान केवल पीआर स्टंट पर केंद्रित है।
यह पूरा विवाद उस समय शुरू हुआ जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने पांच देशों के आधिकारिक विदेशी दौरे के अंतिम चरण में इटली की राजधानी रोम पहुंचे। वहां उन्होंने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के साथ द्विपक्षीय और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा की। इस मुलाकात के दौरान एक अनौपचारिक और हल्के-फुल्के पल में पीएम मोदी ने मेलोनी को भारत की मशहूर घरेलू कंपनी पार्ले की 'मेलोडी' चॉकलेट का एक पैकेट उपहार में दिया। यह उपहार इंटरनेट पर दोनों नेताओं के नाम को मिलाकर बनाए गए लोकप्रिय मीम "मेलोडी" (Melodi) के संदर्भ में था। इतालवी प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने इस पल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया, जिसमें वे टॉफी का पैकेट दिखाते हुए इसे "बहुत अच्छी टॉफी" बता रही हैं। देखते ही देखते यह वीडियो और तस्वीरें इंटरनेट पर वायरल हो गईं।
प्रधानमंत्री मोदी ने भी अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर इस मुलाकात की तस्वीरें साझा कीं और बताया कि रोम पहुंचने के बाद उन्होंने सुश्री मेलोनी के साथ रात्रिभोज किया और ऐतिहासिक कोलोसियम का दौरा भी किया। हालांकि, इस 'टॉफी डिप्लोमेसी' को लेकर भारत में सियासी घमासान छिड़ गया है। राहुल गांधी के साथ-साथ कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भी प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि मोदी जी चाहते हैं कि देश की जनता उनकी लच्छेदार बातों की 'मेलोडी' सुने, जबकि हकीकत में वे सरकार की गलत आर्थिक नीतियों के कारण 'बदहाली' झेल रहे हैं।
दूसरी तरफ, भारतीय जनता पार्टी ने विपक्ष के इन आरोपों पर कड़ी आपत्ति जताई है और पलटवार किया है। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने राहुल गांधी के बयान की निंदा करते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी को भारत की हर वैश्विक उपलब्धि और 'मेड इन इंडिया' उत्पादों से नफरत है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में आज भारतीय कूटनीति और घरेलू ब्रांड्स को दुनिया भर में सम्मान मिल रहा है, जिसे विपक्ष पचा नहीं पा रहा है। दोनों पक्षों के बीच चल रही इस जुबानी जंग ने देश के सियासी तापमान को बढ़ा दिया है।







