स्टेट डेस्क, प्रीति पायल।
पटना के चर्चित प्रोफेसर शिवनारायण राम हत्याकांड में अदालत ने मृतक के सहोदर भाई समेत छह आरोपियों को सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। पटना के जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश-24 राजीव रंजन सहाय की अदालत ने वीरेंद्र कुमार, अमरजीत कुमार उर्फ छोटू, विकास कुमार, धीरज कुमार उर्फ धीरज गांधी, शैलेंद्र किशोर और प्रेम कुमार उर्फ प्रेम सागर को हत्या का दोषी माना। अदालत ने अमरजीत कुमार पर 15 हजार रुपये तथा बाकी पांच दोषियों पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
मामला 29 जनवरी 2020 का है। टीपीएस कॉलेज, पटना में राजनीति विज्ञान के प्रोफेसर शिवनारायण राम कॉलेज से पढ़ाकर अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान कंकड़बाग थाना क्षेत्र के चांदमारी रोड में उन्हें गोली मार दी गई थी, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद कंकड़बाग थाने में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू की थी।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, मृतक प्रोफेसर के भाई वीरेंद्र कुमार का उनकी पत्नी के साथ प्रेम संबंध था। इसी बात को लेकर दोनों भाइयों के बीच विवाद रहता था। आरोप था कि वीरेंद्र कुमार ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर प्रोफेसर की हत्या की साजिश रची थी। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने नौ गवाहों के बयान अदालत में दर्ज कराए। गवाहों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने छह आरोपियों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। यह फैसला करीब छह साल पुराने इस हत्याकांड में आया है।







