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बिहार में बढ़ा ओरल कैंसर का कहर: तंबाकू बन रहा जानलेवा

स्टेट डेस्क, स्वेता प्रिया |

बिहार में ओरल कैंसर के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। हालिया रिपोर्ट में बिहार देश में इस बीमारी के सबसे अधिक मामलों वाला राज्य बन गया है, जिससे स्वास्थ्य विशेषज्ञों की चिंता बढ़ गई है। तंबाकू, गुटखा और खैनी का अधिक सेवन इस बीमारी का मुख्य कारण माना जा रहा है। जागरूकता की कमी के चलते ज्यादातर मरीज गंभीर स्थिति में अस्पताल पहुंच रहे हैं।

 तंबाकू सेवन सबसे बड़ा खतरा

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक तंबाकू उत्पादों का सेवन ओरल कैंसर को न्योता दे रहा है। बिहार में इन उत्पादों की आसानी से उपलब्धता और युवाओं में बढ़ती लत ने समस्या को और विकराल बना दिया है।  डॉक्टरों का कहना है कि शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज करने की वजह से कैंसर गंभीर रूप ले लेता है। ऐसे में इलाज मुश्किल हो जाता है और मरीज की ठीक होने की संभावना भी कम रह जाती है।

लक्षणों पर तुरंत ध्यान दें

विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि मुंह में लंबे समय तक रहने वाले घाव, सफेद या लाल धब्बे जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें। नियमित स्वास्थ्य जांच और तंबाकू से पूरी तरह दूरी बनाना इस बीमारी से बचाव का सबसे कारगर तरीका है। सरकार से भी तंबाकू नियंत्रण कानूनों को सख्ती से लागू करने और बड़े स्तर पर जनजागरूकता अभियान चलाने की मांग की गई है।