स्टेट डेस्क, शुभम कु. तिवारी ।
पटना: बिहार की राजधानी पटना में मेडिकल छात्रों का प्रदर्शन सोमवार को उस समय तेज हो गया, जब प्रदर्शनकारी छात्र पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ गए। जेपी गोलंबर से लेकर डाकबंगला चौराहे तक छात्र अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन करते नजर आए। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने डाकबंगला चौराहे पर भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की।
प्रदर्शन कर रहे मेडिकल छात्रों का कहना है कि उनकी कई शैक्षणिक और प्रशासनिक समस्याएं लंबे समय से बनी हुई हैं। छात्रों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार और संबंधित अधिकारियों का ध्यान आकर्षित करने के लिए प्रदर्शन किया।
BUHS में स्थायी कुलपति की मांग
छात्रों की प्रमुख मांग बिहार यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज यानी BUHS में स्थायी कुलपति की नियुक्ति को लेकर है। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि विश्वविद्यालय में स्थायी कुलपति की नियुक्ति से शैक्षणिक और प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी तरीके से संचालित किया जा सकेगा।
छात्रों ने विश्वविद्यालय से जुड़े शैक्षणिक सत्र को नियमित करने की मांग भी उठाई है, ताकि परीक्षाएं और अन्य अकादमिक गतिविधियां तय समय के अनुसार संचालित हो सकें।
परीक्षा व्यवस्था और कॉपी की दोबारा जांच की मांग
मेडिकल छात्रों ने परीक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग भी रखी है। प्रदर्शनकारियों के मुताबिक, परीक्षा की कॉपियों की दोबारा जांच की व्यवस्था होनी चाहिए।
इसके साथ ही छात्रों ने परीक्षा और सप्लीमेंट्री परीक्षा की फीस कम करने की मांग भी उठाई है। छात्रों का कहना है कि नियमित शैक्षणिक कैलेंडर लागू होने से परीक्षा और दूसरी अकादमिक गतिविधियों को समय पर आयोजित किया जा सकेगा।
नियमों के पालन और शिकायत व्यवस्था की मांग
प्रदर्शनकारी छात्रों ने इंडियन नर्सिंग काउंसिल (INC), फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया (PCI) और नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराने की मांग की है।
छात्रों की ओर से अलग हेल्प डेस्क और प्रभावी शिकायत निवारण व्यवस्था बनाने की मांग भी सामने रखी गई है, ताकि विद्यार्थियों की समस्याओं का समय पर समाधान हो सके।
BUHS छात्रों के लिए स्टाइपेंड की मांग
मेडिकल छात्रों की एक अन्य प्रमुख मांग स्टाइपेंड को लेकर है। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि BUHS से जुड़े छात्रों को स्टाइपेंड दिया जाना चाहिए। छात्रों के मुताबिक, उनकी शैक्षणिक और प्रशासनिक समस्याओं के समाधान के साथ-साथ आर्थिक सहायता से जुड़े इस मुद्दे पर भी कार्रवाई जरूरी है।
पुलिस ने डाकबंगला चौराहे पर बढ़ाई सुरक्षा
प्रदर्शन को देखते हुए डाकबंगला चौराहे पर पुलिस ने बैरिकेडिंग की। रिपोर्ट के मुताबिक, यहां 200 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी।
जेपी गोलंबर के पास प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की। वहीं डाकबंगला चौराहे पर पहले से मौजूद भारी पुलिस बल ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने की कोशिश की। इसी दौरान डाकबंगला चौराहे पर प्रदर्शनकारी छात्रों और पुलिसकर्मियों के बीच झड़प की स्थिति भी बनी। प्रदर्शन में पूर्व सांसद पप्पू यादव के शामिल होने की बात भी रिपोर्ट में कही गई है। फिलहाल मेडिकल छात्रों का प्रदर्शन उनकी प्रमुख मांगों; BUHS में स्थायी कुलपति, परीक्षा व्यवस्था में सुधार, कॉपियों की दोबारा जांच, फीस में कमी, नियमित शैक्षणिक कैलेंडर, प्रभावी शिकायत निवारण व्यवस्था और स्टाइपेंड को लेकर केंद्रित है।






