Ad Image
Ad Image
अमेरिकी और ईरान के बीच प्रारंभिक समझौता, 60 दिन का सीजफायर लागू || अमेरिकी सेंट्रल कमान की घोषणा, ईरान की नाकेबंदी समाप्त || ईरान - अमेरिका में टकराव चरम पर, नए हमलों से सीजफायर पर लग सकता ब्रेक || जापान: तूफान जोंगमी ने मचाई तबाही, 60 हजार से अधिक घरों में बिजली गुल || जयराम रमेश ने लिखा पत्र, ग्रेट निकोबार परियोजना पर पुनर्विचार की अपील || नई दिल्ली के मालवीय नगर स्थित रेस्टोरेंट में आग से 20 की मौत, दर्जनों घायल || ट्रंप ने कहा, खाड़ी देशों की अपील पर ईरान पर हमले बंद किए गए || अदाणी समूह को अमेरिका से क्लीनचिट, आपराधिक मामलों में राहत || राहुल गांधी ने कहा, देश में बड़ा आर्थिक संकट आने वाला, आम आदमी होगा परेशान || भारत और नार्वे के बीच कुल 9 समझौतों पर हस्ताक्षर, बेहतर सहयोग की पहल: मोदी

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

‘सरके चुनर’ विवाद: नोरा फतेही ने राष्ट्रीय महिला आयोग से मांगी माफी, बोलीं—“किसी को ठेस पहुंचाने का इरादा नहीं था”

एंटरटेनमेंट डेस्क, अर्पिता कृष्णा 

सरके चुनर’ गाने को लेकर उठे विवाद के मामले में बॉलीवुड अभिनेत्री नोरा फतेही राष्ट्रीय महिला आयोग के समक्ष पेश हुईं और उन्होंने लिखित रूप में माफी दी है। अभिनेत्री ने स्पष्ट किया कि उनका किसी की भावनाओं को आहत करने का कोई उद्देश्य नहीं था और वह एक कलाकार के रूप में अपनी जिम्मेदारियों को समझती हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस गाने में महिलाओं के कथित आपत्तिजनक और अशोभनीय चित्रण को लेकर विवाद खड़ा हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय महिला आयोग ने अभिनेत्री को नोटिस जारी कर तलब किया था। इसके बाद गुरुवार को नोरा फतेही आयोग के सामने पेश हुईं और अपना पक्ष रखा।

सुनवाई के दौरान नोरा फतेही ने आयोग को लिखित जवाब सौंपा और माफी मांगते हुए कहा कि वह “एक परिस्थिति में फंस गई थीं।” उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी तरह से समाज या महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंचाना उनका उद्देश्य नहीं था।

अभिनेत्री ने अपने पक्ष में यह भी बताया कि उन्होंने गाने के एक विशेष संस्करण की शूटिंग की थी और बाद में जारी किए गए अन्य संस्करणों के कुछ हिस्सों से वह सहमत नहीं थीं। उन्होंने इस बात को स्पष्ट किया कि रिलीज के बाद हुए बदलावों में उनकी प्रत्यक्ष भूमिका नहीं थी।

इस गाने में अभिनेता संजय दत्त भी नजर आए थे, जिन्हें इससे पहले इसी मामले में आयोग के समक्ष पेश होना पड़ा था। आयोग इस पूरे प्रकरण की जांच कर रहा है और सभी संबंधित पक्षों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं।

विवाद बढ़ने के बाद यह मुद्दा सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा में रहा, जहां कई लोगों और संगठनों ने गाने के बोल और प्रस्तुति पर आपत्ति जताई। वहीं कुछ लोगों ने इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जोड़कर भी देखा, जिससे यह मामला और अधिक सुर्खियों में आ गया।

गौरतलब है कि हाल के समय में मनोरंजन जगत में कंटेंट को लेकर संवेदनशीलता और जिम्मेदारी का मुद्दा लगातार उठता रहा है। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि फिल्मों और गीतों में प्रस्तुत सामग्री समाज पर किस तरह का प्रभाव डालती है।