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होर्मुज में तनाव के बावजूद अमेरिका-ईरान युद्धविराम कायम : ट्रम्प

विदेश डेस्क, आर्या कुमारी।

वाशिंगटन: अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य में गुरुवार देर रात हुई गोलीबारी और सैन्य तनाव के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम अभी भी कायम है। हालांकि अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि संघर्ष की शुरुआत किस पक्ष की ओर से हुई।

बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक ईरान के शीर्ष सैन्य नेतृत्व ने आरोप लगाया कि अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य की ओर बढ़ रहे एक ईरानी तेल टैंकर समेत दूसरे पोत को निशाना बनाया और कई तटीय इलाकों पर हवाई हमले किए। ईरान ने दावा किया कि बंदर खमीर, सिरिक और केशम द्वीप के आसपास अमेरिकी कार्रवाई की गई।

वहीं अमेरिकी सेना ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उसकी कार्रवाई आत्मरक्षा के तहत की गई। अमेरिकी केंद्रीय कमान (सेंटकॉम) के अनुसार ईरानी बलों ने जलडमरूमध्य से गुजर रहे अमेरिकी नौसैनिक विध्वंसक पोतों पर मिसाइल, ड्रोन और छोटी नौकाओं के जरिए हमला किया, जिसके जवाब में अमेरिकी सेना ने जवाबी कार्रवाई की।

सेंटकॉम ने बयान जारी कर कहा कि अमेरिकी बलों ने सभी खतरों को निष्क्रिय कर दिया और उन ईरानी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया जहां से मिसाइल और ड्रोन हमलों का संचालन किया जा रहा था।
इसमें कमान एवं नियंत्रण केंद्रों के साथ खुफिया और निगरानी से जुड़े ठिकाने भी शामिल थे। अमेरिकी सेना ने साथ ही कहा कि उसका उद्देश्य तनाव बढ़ाना नहीं बल्कि अपने सैनिकों और सैन्य संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

इस बीच ईरानी सरकारी मीडिया ने पहले होर्मुज जलडमरूमध्य में विस्फोटों और गोलीबारी की खबर दी थी। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में तेहरान में भी धमाकों की आवाजें सुनाई देने की बात कही गई। ईरान ने दावा किया कि उसने अमेरिकी सैन्य जहाजों पर तत्काल जवाबी हमला किया, जिससे अमेरिकी पक्ष को भारी नुकसान पहुंचा और अमेरिका ने युद्धविराम का उल्लंघन किया।

राष्ट्रपति ट्रम्प ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर कहा कि अमेरिकी सेना ने कई ईरानी छोटी नौकाओं को नष्ट कर दिया। उन्होंने दावा किया कि ईरानी हमलावरों को भारी क्षति पहुंचाई गई है। ट्रम्प ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उसने जल्द समझौते पर हस्ताक्षर नहीं किए तो भविष्य में उसे और भी कठोर सैन्य कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।

उधर एक इजरायली सूत्र ने बीबीसी को बताया कि इन हमलों में इजरायल की कोई भूमिका नहीं है। क्षेत्र में बढ़ा यह तनाव ऐसे समय सामने आया है जब हाल ही में राष्ट्रपति ट्रम्प ने दावा किया था कि ईरान से जुड़ा संघर्ष जल्द समाप्त हो सकता है।