विदेश डेस्क,श्रेयांश पराशर l
वॉशिंगटन/हवाना। अमेरिका और क्यूबा के बीच बढ़ते राजनीतिक तनाव के बीच क्यूबा के पूर्व राष्ट्रपति राउल कास्त्रो के खिलाफ एक पुराने विमान हादसे को लेकर आपराधिक मामला दर्ज किए जाने से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई बहस शुरू हो गई है। अमेरिकी प्रशासन ने 1996 में दो नागरिक विमानों को मार गिराए जाने की घटना में कथित भूमिका के आरोपों के आधार पर यह कार्रवाई की है।
अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, इस हादसे में चार लोगों की मृत्यु हुई थी, जिनमें तीन अमेरिकी नागरिक शामिल थे। अमेरिकी न्याय विभाग का कहना है कि घटना से जुड़े तथ्यों और उपलब्ध साक्ष्यों की समीक्षा के बाद कानूनी कार्रवाई का निर्णय लिया गया है। कार्यवाहक अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच ने आरोपों की घोषणा करते हुए कहा कि अमेरिका अपने नागरिकों के खिलाफ हुई घटनाओं को नहीं भूलेगा और न्याय सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाता रहेगा।
राउल कास्त्रो की आयु वर्तमान में 94 वर्ष बताई जा रही है। हालांकि, क्यूबा की ओर से इस मामले पर अभी तक कोई विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इतने वर्षों बाद दर्ज किया गया यह मामला दोनों देशों के संबंधों को और अधिक प्रभावित कर सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिका और क्यूबा के बीच पहले से ही कई मुद्दों पर मतभेद बने हुए हैं। ऐसे में पूर्व राष्ट्रपति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई से कूटनीतिक तनाव बढ़ने की संभावना है। वहीं, मानवाधिकार और अंतरराष्ट्रीय कानून से जुड़े कुछ संगठनों ने मामले की निष्पक्ष जांच और पारदर्शी न्यायिक प्रक्रिया की मांग की है।
इस घटनाक्रम पर दुनिया भर की निगाहें टिकी हुई हैं। आने वाले दिनों में क्यूबा सरकार की प्रतिक्रिया और न्यायिक प्रक्रिया की दिशा से यह स्पष्ट होगा कि यह मामला दोनों देशों के संबंधों पर कितना प्रभाव डालता है।







