विदेश डेस्क, ऋषि राज
बेरूत: लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि इजरायली हवाई हमलों में कम से कम 39 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हुए हैं। दक्षिणी लेबनान के विभिन्न क्षेत्रों में हुए इन हमलों के बाद क्षेत्र में तनाव और गहरा गया है। नागरिक इलाकों में भारी तबाही की खबरों के बीच मानवीय संकट को लेकर चिंता बढ़ गई है।
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार दक्षिणी शहर सकसाकियाह पर हुए एक हमले में एक बच्चे सहित कम से कम सात लोगों की जान चली गई। प्रारंभिक आंकड़ों के मुताबिक 15 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। घायलों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
इजरायली रक्षा बल (IDF) ने दावा किया है कि हमलों का लक्ष्य लेबनानी संगठन हिजबुल्लाह से जुड़े ठिकाने थे। आईडीएफ ने कहा कि उसे नागरिकों के हताहत होने की खबरों की जानकारी है और वह घटना की समीक्षा कर रहा है।
हालांकि लेबनान के अधिकारियों ने कहा कि कई हमले आबादी वाले क्षेत्रों में हुए।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा अप्रैल में घोषित युद्धविराम के बावजूद इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच तनाव पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। दोनों पक्षों के बीच सीमावर्ती क्षेत्रों में समय-समय पर हमले और जवाबी कार्रवाई जारी रही है। हालिया हमलों ने युद्धविराम की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
लेबनान की सरकारी समाचार एजेंसी एनएनए ने बताया कि दक्षिणी क्षेत्रों में कई मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं और स्थानीय लोगों में भय का माहौल है। राहत एजेंसियां प्रभावित परिवारों को सहायता पहुंचाने में जुटी हैं।
क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की है। विश्लेषकों का कहना है कि यदि स्थिति नियंत्रित नहीं हुई तो यह संघर्ष पूरे पश्चिम एशिया की स्थिरता पर असर डाल सकता है।
मानवीय संगठनों ने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और युद्धविराम का सम्मान करने की मांग की है। फिलहाल लेबनान और इजरायल सीमा पर तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय स्थिति पर नजर रखे हुए है।







