विदेश डेस्क, ऋषि राज |
वॉशिंगटन: अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच प्रस्तावित समझौता यह सुनिश्चित करेगा कि ईरान भविष्य में कभी भी परमाणु हथियार हासिल नहीं कर सकेगा। वेंस का यह बयान ऐसे समय आया है जब दोनों देशों के बीच शांति वार्ता निर्णायक चरण में पहुंच चुकी है।
फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में वेंस ने कहा कि समझौते के तहत ईरान को परमाणु कार्यक्रम पर सख्त निगरानी स्वीकार करनी होगी। उन्होंने कहा कि यह समझौता केवल क्षेत्रीय शांति के लिए ही नहीं, बल्कि वैश्विक सुरक्षा के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण है।
वेंस ने स्पष्ट किया कि अमेरिका लगातार इस बात पर नजर रखेगा कि ईरान अपने वादों का पालन कर रहा है या नहीं। उन्होंने कहा कि समझौते के तहत निरीक्षण तंत्र को और मजबूत बनाया जाएगा ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी को तुरंत पकड़ा जा सके।
हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि इसके बदले ईरान को क्या आर्थिक या राजनीतिक रियायतें दी जाएंगी। लेकिन संकेत मिले हैं कि कुछ प्रतिबंधों में ढील दी जा सकती है।
वेंस ने कहा कि अगर ईरान समझौते का पालन करता है तो पश्चिम एशिया में स्थिरता बढ़ेगी और आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र निवेश और व्यापार के लिए अधिक अनुकूल बन सकता है।
राजनीतिक विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका की यह नीति आने वाले समय में क्षेत्रीय शक्ति संतुलन को प्रभावित कर सकती है। अब देखना होगा कि ईरान इस समझौते की शर्तों को किस तरह स्वीकार करता है।







