नेशनल डेस्क, श्रेयांश पराशर l
नई दिल्ली। कांग्रेस पार्टी ने मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों, संगठनात्मक मजबूती और आगामी राजनीतिक चुनौतियों को लेकर आज अपने मुख्यालय इंदिरा भवन में वरिष्ठ नेताओं की महत्वपूर्ण आपात बैठक बुलाई। बैठक की अध्यक्षता कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने की, जिसमें पार्टी के महासचिव, विभिन्न राज्यों के प्रभारी और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्षों ने भाग लिया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य हाल ही में संपन्न विधानसभा चुनावों के परिणामों की समीक्षा करना, विभिन्न राज्यों में संगठन की स्थिति का आकलन करना तथा आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों की रूपरेखा तय करना रहा। पार्टी नेतृत्व ने केंद्र में सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के मुद्दे पर कांग्रेस की रणनीति और जनसरोकारों से जुड़े विषयों पर भी चर्चा की।
सूत्रों के अनुसार, बैठक में संसद के आगामी मानसून सत्र को लेकर विपक्ष की भूमिका और रणनीति पर विशेष विचार-विमर्श किया गया। साथ ही, विभिन्न राज्यों में इंडिया गठबंधन के सहयोगी दलों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के उपायों पर भी चर्चा हुई। पार्टी नेताओं ने संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक सक्रिय बनाने तथा आम जनता के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाने पर जोर दिया।
कांग्रेस महासचिव (संगठन) के.सी. वेणुगोपाल ने बताया कि बैठक में संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा के साथ-साथ भविष्य की राजनीतिक चुनौतियों का सामना करने के लिए व्यापक रणनीति तैयार की जा रही है। पार्टी का मानना है कि बदलते राजनीतिक परिदृश्य में मजबूत संगठन और प्रभावी जनसंपर्क ही सफलता की कुंजी होंगे।
कांग्रेस नेतृत्व ने इस बैठक को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इससे पार्टी की आगामी राजनीतिक दिशा तय करने में मदद मिलेगी और विपक्षी एकता को मजबूत करने की दिशा में भी सकारात्मक संदेश जाएगा।







