लोकल डेस्क, ऋषि राज।
रक्सौल: अखिल भारतीय मारवाड़ी महिला सम्मेलन, रक्सौल युवा शाखा के लिए बीती शाम बेहद सुखद, आत्मीय और प्रेरणादायी रही। बिहार प्रांत की प्रांतीय अध्यक्ष वीणा चौधरी, प्रांतीय सचिव पूनम झुनझुनवाला एवं प्रांतीय कोषाध्यक्ष आशा काया का रक्सौल शाखा में स्नेहपूर्ण एवं गरिमामय आगमन हुआ। प्रांतीय पदाधिकारियों के मार्गदर्शन और सानिध्य से शाखा की सदस्याओं में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार हुआ।
कार्यक्रम का शुभारंभ निवर्तमान शाखा अध्यक्ष एवं अंचल प्रमुख वीणा गोयल द्वारा अतिथियों के तिलक एवं आत्मीय स्वागत से हुआ। शिखा रंजन ने मंच संचालन किया, जबकि ज्योति शर्मा ने स्वागत गीत एवं नृत्य की मनोहारी प्रस्तुति देकर वातावरण को भावपूर्ण बना दिया। इसके बाद दीप प्रज्वलन, ॐ उच्चारण, गणेश वंदना एवं समिति प्रार्थना के साथ कार्यक्रम विधिवत प्रारंभ हुआ।
शाखा की ओर से प्रांतीय अध्यक्ष वीणा चौधरी, प्रांतीय सचिव पूनम झुनझुनवाला एवं प्रांतीय कोषाध्यक्ष आशा काया को दुपट्टा ओढ़ाकर एवं तुलसी मंजरी का पौधा भेंट कर सम्मानित किया गया। शाखा अध्यक्ष सोनू काबरा ने स्वागत उद्बोधन में प्रांतीय पदाधिकारियों के आगमन को शाखा के लिए गौरव और प्रेरणा का अवसर बताया।
इसके बाद शाखा सचिव रचना रुंगटा ने शाखा की प्रमुख गतिविधियों एवं सेवा कार्यों की विस्तृत जानकारी दी, जबकि कोषाध्यक्ष संगीता रुंगटा ने आय-व्यय का विवरण प्रस्तुत किया।
प्रांतीय कोषाध्यक्ष आशा काया ने संगठन के आर्थिक अनुशासन एवं संस्था में राशि जमा करने की प्रक्रिया की जानकारी देते हुए शाखा की सेवा गतिविधियों की सराहना की। उन्होंने बहनों से सेवा कार्यों को निरंतर विस्तार देने का आह्वान किया।
प्रांतीय सचिव पूनम झुनझुनवाला ने अपने मधुर एवं प्रेरणादायी संबोधन में कहा कि प्रांतीय शाखा दौरा केवल औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि बहनों के बीच प्रेम-मिलन, आत्मीय संवाद और विचारों के आदान-प्रदान का माध्यम है। उन्होंने संगठन की गतिविधियों, सेवा कार्यों एवं महिला सशक्तीकरण में सक्रिय सहभागिता के लिए शाखा की सदस्याओं का उत्साहवर्धन किया।
प्रांतीय अध्यक्ष वीणा चौधरी ने सरल, सहज एवं आत्मीय अंदाज में शाखा की बहनों का मार्गदर्शन किया। उनके संबोधन से सदस्याओं में नई ऊर्जा और जोश का संचार हुआ। उन्होंने संगठन को मजबूत बनाने तथा सेवा के क्षेत्र में और बेहतर एवं प्रभावी कार्य करने के लिए प्रेरित किया। तीनों प्रांतीय पदाधिकारियों ने शाखा की गतिविधियों को ध्यानपूर्वक सुना और सदस्याओं के प्रयासों की सराहना की।
कार्यक्रम के दौरान रक्सौल शाखा की नौ वर्षों की सेवा यात्रा भी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही। शाखा द्वारा एक विद्यालय को गोद लेकर वहां लगातार सेवा कार्य किए जा रहे हैं। इसी क्रम में प्रांतीय पदाधिकारियों की उपस्थिति में विद्यालय के बच्चों के बीच कॉपी एवं पेंसिल का वितरण किया गया। बच्चों को शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित करने का यह प्रयास शाखा की निरंतर सेवा भावना और सामाजिक उत्तरदायित्व को दर्शाता है।
कार्यक्रम का सबसे भावुक और प्रेरणादायी क्षण रक्सौल की दुर्गा देवी का सम्मान रहा। कम उम्र में दुर्घटना में अपना दाहिना हाथ गंवाने के बावजूद दुर्गा ने कभी हिम्मत नहीं हारी। एक हाथ से ही वे सुंदर सिलाई का कार्य करती हैं, भगवान की पोशाक तैयार करती हैं और मेहंदी लगाने जैसे कार्य भी कुशलता से करती हैं।
रक्सौल शाखा की सदस्याओं ने दुर्गा से भगवान की पोशाक से सुंदर पोटली तैयार करवाई, जिसे प्रांतीय पदाधिकारियों को भेंट किया गया। पोटली देखकर अतिथियों ने दुर्गा के हुनर और आत्मविश्वास की जमकर सराहना की। इसके बाद प्रांतीय अध्यक्ष वीणा चौधरी के हाथों दुर्गा को दुपट्टा ओढ़ाकर एवं मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर दुर्गा के अदम्य साहस और आत्मनिर्भरता को नमन करते हुए शाखा की ओर से भविष्य में भी उन्हें कार्य उपलब्ध कराने तथा आगे बढ़ने में सहयोग देने का संकल्प लिया गया। दुर्गा का संघर्ष यह संदेश देता है कि मजबूत हौसले के सामने शारीरिक सीमाएं भी प्रतिभा और आत्मनिर्भरता की राह नहीं रोक सकतीं।
आत्मीय भोजन के साथ हुआ भावपूर्ण समापन
कार्यक्रम के अंत में निवर्तमान शाखा अध्यक्ष एवं अंचल प्रमुख वीणा गोयल ने धन्यवाद ज्ञापन किया तथा अपने नौ वर्षों के कार्यकाल की प्रमुख उपलब्धियों एवं सेवा कार्यों का संक्षिप्त विवरण साझा किया।
इसके पश्चात रक्सौल शाखा की बहनों द्वारा प्रांतीय पदाधिकारियों के लिए स्नेहपूर्ण दोपहर के भोजन की व्यवस्था की गई। सभी ने आत्मीय एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में साथ बैठकर भोजन किया। विदाई की बेला में खुशी के साथ भावुकता का भी माहौल रहा। शाखा की बहनों ने प्रांतीय पदाधिकारियों को आत्मीयता से विदाई दी







