स्टेट डेस्क, मुस्कान सिंह।
पटना: बिहार में संभावित बाढ़ और सुखाड़ की आशंकाओं को देखते हुए राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गई है। सम्राट चौधरी ने सभी विभागों, जिलाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को समय रहते पूरी तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ कहा कि किसी भी स्थिति में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और राहत कार्यों में तेजी सबसे बड़ी प्राथमिकता होगी।
पटना स्थित ‘संवाद’ सभागार में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में राज्यभर की तैयारियों का जायजा लिया गया। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के डीएम, एसपी और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी बैठक से जुड़े। इस दौरान मौसम की स्थिति, नदी जलस्तर, राहत सामग्री, सिंचाई व्यवस्था और आपदा प्रबंधन की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि बाढ़ और सुखाड़ दोनों संभावित परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए जिला स्तर पर पहले से तैयारी पूरी रखी जाए। संवेदनशील इलाकों की पहचान कर निगरानी बढ़ाने, राहत शिविर तैयार रखने और आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया।
उन्होंने कहा कि आपदा आने के बाद नहीं, बल्कि उससे पहले तैयारी मजबूत होना जरूरी है। सरकार चाहती है कि किसी भी जिले में लोगों को राहत के लिए इंतजार न करना पड़े और हर जरूरतमंद तक तुरंत सहायता पहुंचे।
समीक्षा के दौरान जल संसाधन, कृषि, स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन विभाग की तैयारियों की भी जानकारी ली गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि नाव, खाद्यान्न, दवाइयां, पेयजल और मेडिकल टीम जैसी जरूरी व्यवस्थाएं पहले से तैयार रखी जाएं। वहीं सुखाड़ प्रभावित क्षेत्रों में सिंचाई और जल संरक्षण योजनाओं में तेजी लाने पर भी जोर दिया गया।
सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार हर परिस्थिति में जनता के साथ खड़ी है और आपदा प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से जमीनी स्तर पर लगातार निगरानी बनाए रखने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।







