Ad Image
Ad Image
पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत कई वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं को हिरासत में लिया || PM के आवास के बाहर पेपर लीक और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को लेकर धरने पर राहुल गांधी || PM मोदी के आवास के बाहर धरने पर राहुल गांधी समेत कांग्रेस के सभी दिग्गज || अमेरिकी और ईरान के बीच प्रारंभिक समझौता, 60 दिन का सीजफायर लागू || अमेरिकी सेंट्रल कमान की घोषणा, ईरान की नाकेबंदी समाप्त || ईरान - अमेरिका में टकराव चरम पर, नए हमलों से सीजफायर पर लग सकता ब्रेक || जापान: तूफान जोंगमी ने मचाई तबाही, 60 हजार से अधिक घरों में बिजली गुल || जयराम रमेश ने लिखा पत्र, ग्रेट निकोबार परियोजना पर पुनर्विचार की अपील || नई दिल्ली के मालवीय नगर स्थित रेस्टोरेंट में आग से 20 की मौत, दर्जनों घायल || ट्रंप ने कहा, खाड़ी देशों की अपील पर ईरान पर हमले बंद किए गए

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

लोकसभा में हंगामे के बीच ध्वनि मत से पास हुआ एंटी पेपर लीक बिल

नेशनल डेस्क, नीतीश कुमार।

नई दिल्ली। विपक्ष के हंगामे के बीच सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 लोकसभा से ध्वनि मत से पारित हो गया। अब इस विधेयक को आगे चर्चा के लिए राज्यसभा भेजा जाएगा।

राहुल गांधी के भाषण पर बढ़ा विवाद

बिल पर चर्चा के दौरान लोकसभा में जमकर हंगामा हुआ। राहुल गांधी के भाषण पर सत्ता पक्ष ने आपत्ति जताते हुए उनसे अपने आरोपों के समर्थन में तथ्य रखने की मांग की। इस दौरान सदन में शोर-शराबा शुरू हो गया।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सत्ता पक्ष के सांसदों को शांत कराया और राहुल गांधी से अपना भाषण पूरा करने का आग्रह किया। इसके बाद राहुल गांधी ने फिर बोलना शुरू किया और कहा कि बल प्रयोग की मंजूरी केवल गृह मंत्री या प्रधानमंत्री दे सकते हैं। इस बयान के बाद सदन में दोबारा हंगामा शुरू हो गया और सत्ता पक्ष ने उनसे माफी की मांग की।

ध्वनि मत से पास हुआ विधेयक 

हंगामे के बीच सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 को लोकसभा ने ध्वनि मत से पारित कर दिया। अब इसे राज्यसभा में पेश किया जाएगा।

जितेंद्र सिंह ने विपक्ष पर साधा निशाना

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि इतने महत्वपूर्ण विधेयक पर सुझाव देने के बजाय विपक्ष राजनीति कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष के नेता ने असंसदीय भाषा का इस्तेमाल किया और कहा कि देश के युवाओं के लिए ऐसे शब्दों का प्रयोग दुर्भाग्यपूर्ण है।