लोकल डेस्क, राजीव कु. भारती ।
सीवान/ देश की सबसे कठिन पेशेवर परीक्षाओं में शामिल चार्टर्ड अकाउंटेंसी (सीए) फाइनल में इस बार सीवान जिला के जीरादेई के थेपहां बाजार, निवासी नितेश कुमार ने शानदार सफलता हासिल कर इतिहास रच दिया है। इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) द्वारा घोषित परिणामों में नितेश ने 600 में से 357 अंक (59.5 प्रतिशत) प्राप्त कर जिला स्तर पर प्रथम स्थान हासिल किया। परीक्षा की कठिनता को देखते हुए यह उपलब्धि अत्यंत उल्लेखनीय मानी जा रही है।
परिणाम घोषित होते ही गांव में जश्न का माहौल
परिणाम घोषित होते ही नितेश के घर और पूरे गांव में खुशी का माहौल बन गया। परिजनों, रिश्तेदारों और ग्रामीणों ने मिठाइयां बांटकर इस उपलब्धि का जश्न मनाया। यह सफलता केवल एक छात्र की उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे गांव और क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण बन गई है।
फोकस और स्मार्ट वर्क को बताया सफलता का मंत्र
नितेश ने अपनी सफलता का श्रेय फोकस और स्मार्ट वर्क को दिया। उन्होंने बताया कि उन्होंने कभी भी 10 घंटे से अधिक पढ़ाई नहीं की, लेकिन जितना भी समय पढ़ाई को दिया, उसमें पूरा ध्यान केवल पढ़ाई पर ही केंद्रित रखा। उनका मानना है कि लंबे समय तक पढ़ने से ज्यादा जरूरी है सही रणनीति, एकाग्रता और स्मार्ट वर्क।
तैयारी के दौरान वह हर महीने दो दिन का ब्रेक लेकर खुद को तरोताजा रखते थे, जिससे उनका मनोबल और ऊर्जा दोनों बनी रहती थी। शुरुआत में उनका आत्मविश्वास थोड़ा कम था, लेकिन नियमित रिवीजन और मॉक टेस्ट के माध्यम से उन्होंने अपनी तैयारी को मजबूत किया।
स्कूली शिक्षा सीवान से हुई पूरी
नितेश की प्रारंभिक और माध्यमिक शिक्षा महावीरी सरस्वती विद्या मंदिर, सीवान से पूरी हुई। उन्होंने कभी भी ट्यूशन नहीं ली और पढ़ाई के दौरान आने वाली शंकाओं का समाधान सीधे अपने शिक्षकों से पूछकर किया।
परिवार ने जताया गर्व
नितेश की इस उपलब्धि पर उनके माता-पिता बेहद भावुक हो गए। उनकी मां अनीता देवी और पिता नवल किशोर प्रसाद ने कहा कि नितेश बचपन से ही मेहनती रहा है और हमेशा अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहा। उन्हें पहले से ही विश्वास था कि वह एक दिन बड़ी उपलब्धि हासिल करेगा।
माता-पिता, भाई-बहनों और दोस्तों को दिया श्रेय
नितेश अपनी सफलता का सबसे बड़ा श्रेय अपने माता-पिता, भाई रूपेश रोहितऔर बहन अंजलिको देते हैं। उन्होंने अपनी चार्टर्ड अकाउंटेंसी की पढ़ाई दिल्ली के लक्ष्मी नगर में रहकर पूरी की। इस दौरान उनके मित्र जया, अमन, पूजा, राजीव और अविनाश तथा प्रशिक्षण के दौरान मिले सभी वरिष्ठों ने उन्हें लगातार मार्गदर्शन और प्रेरणा दी, जिससे वह अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सके।
नितेश की इस उपलब्धि पर शहर के कई गणमान्य लोगों ने उन्हें बधाई दी है। आज उनकी सफलता परिवार के लिए सपना पूरा होने जैसा है और यह पूरे क्षेत्र के युवाओं के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बन गई है।







