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पुलिस जवानों को मिली राहत, बिजेश्वर प्रसाद चौधरी ने सुहपुर चौकी में लगवाया प्लाईवुड

नेपाल डेस्क,संजय दास थारू।

“जब पुलिस जवान ही सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल में नहीं रह पाएंगे, तो हम नागरिकों की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित होगी?”

वीरगंज,पर्सा। पर्सा जिले के जगरनाथपुर गांवपालिका-4 स्थित सुहपुर की अस्थायी पुलिस चौकी में कार्यरत पुलिस जवानों को राहत पहुंचाने के लिए बिजेश्वर प्रसाद चौधरी ने सराहनीय पहल की है। पुलिस जवान लंबे समय से गर्मी, ठंड और टिन की छत से पानी टपकने की समस्या झेल रहे थे। उनकी परेशानी को समझते हुए चौधरी ने पुलिस चौकी की टिन की छत के नीचे प्लाईवुड लगवाया है।

‘जब पुलिस जवान ही सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल में नहीं रह पाएंगे, तो हम नागरिकों की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित होगी?’ इसी सोच के साथ बिजेश्वर प्रसाद चौधरी ने पुलिस जवानों की परेशानी दूर करने के लिए मदद का हाथ बढ़ाया।

सुहपुर स्थित इस अस्थायी पुलिस चौकी में जवान जिस टिन के मकान में रहते थे, वहां लंबे समय से कई समस्याएं थीं। गर्मी के मौसम में टिन की छत बहुत गर्म हो जाती थी। तेज धूप के कारण कमरे के अंदर भीषण गर्मी हो जाती थी। रात में भी गर्मी का असर बना रहता था, जिससे जवानों को आराम करने में काफी परेशानी होती थी।

सिर्फ गर्मी ही नहीं, ठंड और बरसात के मौसम में भी जवानों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। टिन की छत पर ओस जमने और बारिश का पानी टपकने से कमरे के अंदर बिस्तर तक भीग जाते थे। खासकर रात में ड्यूटी से लौटकर आराम कर रहे जवानों को पानी टपकने और ठंड के कारण काफी परेशानी होती थी।

एक तरफ गर्मी में टिन की छत की तेज तपिश सहनी पड़ती थी, तो दूसरी तरफ ठंड और बरसात में पानी टपकने की समस्या से उनका रहना मुश्किल हो जाता था। नागरिकों की सुरक्षा के लिए दिन-रात ड्यूटी करने वाले पुलिस जवानों को अपने ही रहने के स्थान पर जरूरी सुविधाएं नहीं मिल पा रही थीं।

बताया जाता है कि पुलिस जवानों ने अपनी समस्याओं से स्थानीय जनप्रतिनिधियों को भी अवगत कराया था, लेकिन लंबे समय तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हो सकी। आखिरकार जवानों ने अपनी परेशानी बिजेश्वर प्रसाद चौधरी को बताई।

पुलिस जवानों की समस्या और उनकी तकलीफ सुनने के बाद चौधरी ने तुरंत मदद करने का फैसला किया। उन्होंने उसी दिन सुबह से काम शुरू करवाया और शाम होने से पहले ही काम पूरा करा दिया। पुलिस चौकी की टिन की छत के नीचे प्लाईवुड लग जाने से अब जवानों को रहने और आराम करने में पहले की तुलना में काफी सुविधा हुई है।

प्लाईवुड लगाने से टिन की छत की सीधी गर्मी का असर कम होने के साथ-साथ पानी टपककर कमरे में आने की समस्या भी कम होने की उम्मीद है। इससे गर्मी और ठंड दोनों मौसम में पुलिस जवानों को राहत मिलेगी।

प्लाईवुड लगाने से पहले और बाद की स्थिति में काफी अंतर दिखाई दे रहा है। इसकी तस्वीरों से भी बदलाव साफ नजर आता है। देखने में यह भले ही छोटी मदद लगे, लेकिन पुलिस जवानों के रोजमर्रा के जीवन और आराम के लिए इसका काफी महत्व है।

चौधरी ने कहा कि उनके छोटे से प्रयास से पुलिस जवानों की परेशानी कुछ कम हुई, इससे उन्हें खुशी मिली है। मदद के बाद जवानों की ओर से मिले धन्यवाद और सम्मान ने उन्हें आगे भी सामाजिक सेवा के कार्य करने की प्रेरणा दी है।

नागरिकों के जान-माल की सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाने वाले पुलिस कर्मचारियों को भी सुरक्षित, स्वच्छ और सुविधाजनक वातावरण मिलना जरूरी है। पुलिस जवान अपनी जिम्मेदारी बेहतर तरीके से निभा सकें, इसके लिए पुलिस चौकियों की इमारत, रहने की व्यवस्था और बुनियादी सुविधाओं पर संबंधित विभागों तथा स्थानीय निकायों को विशेष ध्यान देना चाहिए।

पुलिस जवानों की सुरक्षा और सुविधा का सीधा संबंध आम नागरिकों की सुरक्षा से भी है। इसलिए सुरक्षाकर्मियों के कार्यस्थल और रहने की व्यवस्था को बेहतर बनाना संबंधित विभागों की भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।

बिजेश्वर प्रसाद चौधरी की यह पहल संदेश देती है कि किसी की परेशानी को समझकर समय पर की गई छोटी-सी मदद भी उसके जीवन में बड़ी राहत और सकारात्मक बदलाव ला सकती है।